Close Menu
Aakash TimesAakash Times
    What's Hot

    ताश छोड़कर बीच में घर जाने लगा दोस्त दोस्त ने कटर से की हाथ काटने की कोशिश

    छत्तीसगढ़ कांग्रेस में अभी नहीं होंगे कोई बदलाव बैज की नई टीम की अटकी लिस्ट

    जुआरियों ने पार्षद के पति को पीटा आरोपियों बोले- जान से मार देंगे

    Facebook X (Twitter) Instagram
    Aakash TimesAakash Times
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    • होम
    • कोरबा
    • छत्तीसगढ़
    • राष्ट्रीय
    • अन्तराष्ट्रीय
    • मनोरंजन
    • खेल
    Wednesday, April 29
    Aakash TimesAakash Times
    ख़बर छत्तीसगढ़

    IPC आज से भारतीय न्याय संहिता, फोन-ईमेल से FIR

    Akash TimesBy Akash Times01/07/2024No Comments5 Mins Read
    Share Facebook Twitter Copy Link WhatsApp
    Share
    Facebook Twitter WhatsApp Copy Link

    आज यानी 1 जुलाई से नया कानून लागू हो गया है। इसमें कई धाराओं के क्रम परिवर्तित हो जाएंगे। साथ ही कुछ धाराओं के नियम भी बदलेंगे। अब IPC (इंडियन पीनल कोड) का नाम बदल कर भारतीय न्याय संहिता कर दिया गया है। नियमों के बदलाव के संबंध में बिलासपुर के सभी थानों में उत्सव मनाया जाएगा। अब फोन या ई-मेल के जरिए थाने में केस दर्ज कराए जा सकेंगे।

    नए कानून यानी भारतीय न्याय सहित में 511 धाराओं की जगह अब 358 धाराएं रह गई हैं। इसी तरह CRPC (कोड ऑफ क्रिमिनल प्रोसीजर) का नाम बदलकर भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता कर दिया गया है। CRPC में 484 धाराएं थीं। भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता में 531 धारा की गई हैं। भारतीय साक्ष्य अधिनियम में अधिक बदलाव नहीं हुआ है, इसमें 170 सेक्शन हैं। बदलाव का उद्देश्य दंड की जगह न्याय दिलाना है।

    महिला संबंधी अपराधों में भी बदलाव हुआ
    कई धाराओं के क्रम को परिवर्तित किया गया है जबकि कुछ धाराओं के नियमों में बदलाव हुआ है। तीनों कानून में बदलाव के बीच महिला संबंधी अपराधों को ऊपर कर दिया गया है। नए कानून की जानकारियां उपलब्ध कराने के लिए पुलिस अधिकारियों का तीन दिवसीय प्रशिक्षण हो चुका है जिसमें सभी नियम बताए गए हैं।

    इन जगहों पर होंगे जन संवाद
    नए कानून के क्रिन्वायन होने पर छत्तीसगढ़ में उत्सव मनाया जाएगा। इस दौरान सभी थानों के साथ ही पुलिस लाइन स्थित बिलासागुड़ी में जन संवाद का कार्यक्रम होगा, जिसमें शहर के नागरिकों के साथ ही प्रबुद्धजनों को बुलाया गया है।

    मोबाइल, ई-मेल से तत्काल एफआईआर का प्रावधान
    नए कानून में आम लोगों की सहूलियत के लिए कई नए प्रावधान किए गए हैं। इसके अनुसार अब FIR दर्ज करने की प्रक्रिया में सरलीकरण किया गया है। नए प्रावधान के तहत कोई भी व्यक्ति फोन या ई-मेल से थाने में केस दर्ज करा सकेंगे और पुलिस को उसमें एफआईआर करनी होगी।

    प्राथमिकी दर्ज कराने के बाद संबंधित व्यक्ति या उसके प्रतिनिधि को तीन दिन के भीतर थाने पहुंच कर एफआईआर में हस्ताक्षर करना होगा। नए कानून के अनुसार अब ठगी, लूट और मारपीट जैसे केस में भी थाने के चक्कर लगाने से मुक्ति मिलेगी।

    भारतीय न्याय संहिता में क्या बड़े बदलाव हुए

    • भारतीय न्याय संहिता (BNS) में 20 नए अपराध जोड़े गए हैं।
    • ऑर्गेनाइज्ड क्राइम, हिट एंड रन, मॉब लिंचिंग पर सजा का प्रावधान।
    • डॉक्यूमेंट में इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल रिकॉर्ड शामिल हैं।
    • IPC में मौजूद 19 प्रावधानों को हटा दिया गया है।
    • 33 अपराधों में कारावास की सजा बढ़ा दी गई है।
    • 83 अपराधों में जुर्माने की सजा बढ़ा दी गई है।
    • छह अपराधों में सामुदायिक सेवा की सजा का प्रावधान किया गया है।

    नकल का मामला अब गैर जमानती

    • मारपीट या दूसरे केस में डॉक्टरों को फौरन देनी होगी रिपोर्ट।
    • गंभीर केस के आरोपियों को हथकड़ी लगाकर भी कोर्ट में पेश किया जा सकेगा।
    • शादी का प्रलोभन देकर दुष्कर्म के मामलों में धारा-69 के तहत केस दर्ज होंगे।
    • गंभीर संगठित अपराध धारा-111 के दायरे में आएंगे। अभी तक धारा-34 दर्ज होती थी।
    • छोटे संगठित अपराध जैसे जुआ खेलना, परीक्षा में नकल के लिए धारा 112 के तहत केस। ये गैरजमानती हैं। अब तक जुआ में 13 जुआ एक्ट में थाने से बेल मिलती थी।
    • छोटे बच्चों को अपराध के लिए प्रेरित करने वालों पर धारा-95 के तहत कार्रवाई होगी।
    • राजद्रोह समाप्त होगा, पर अब 152 के तहत केस दर्ज होगा। सजा न्यूनतम 3 से बढ़ाकर 7 साल।
    • आम आदमी किसी को अपराध करते कपड़ लेता है तो 6 घंटे में पुलिस को सौंपना होगा।

    आतंकवादी केस: UAPA लगेगा या धारा 113, स्टेट पुलिस को जांच

    आतंकी एक्टिविटी जैसे देश की अखंडता एकता के खिलाफ काम करने वालों के खिलाफ मामलों के लिए धारा 113 का प्रावधान किया गया है। इस तरह के मामलों में UAPA भी दर्ज होता है, लेकिन UAPA दर्ज होने पर 99% मामलों में सेंट्रल एजेंसी जांच करती है। अब धारा 113 दर्ज होने पर स्टेट पुलिस जांच कर सकेगी।

    लेकिन किस केस में UAPA दर्ज करना है और किस केस में धारा 113 के ​तहत अपराध दर्ज करना है, ये एसपी या उससे बड़ी रैंक के अधिकारी तय करेंगे।

    लंबा नहीं खिंचेगा मामला, 14 दिन में DSP को करनी होगी पड़ताल

    FIR दर्ज कराने में लोगों की सबसे बड़ी दिक्कत 1 जुलाई से दूर हो जाएगी। फोन पर शिकायत करते ही पुलिस को फौरन केस दर्ज करना होगा। यही नहीं कोई भी पीड़ित देश के किसी भी कोने में हुई घटना की रिपोर्ट कभी भी किसी दूसरे राज्य में पहुंचकर करवा सकेगा।

    जैसे रायपुर का कोई व्यक्ति अगर बेंगलुरु या मुंबई जाता है। वहां उसके साथ कोई घटना हो गई। किसी कारणवश या उस समय वहां के थाने पहुंचकर शिकायत नहीं कर सका और उसे फौरन लौटना पड़ा तो, वह रायपुर के किसी भी थाने में पहुंचकर उस घटना की रिपोर्ट दर्ज करा सकता है।

    पुलिस यहां जीरो में FIR दर्ज कर केस डायरी संबंधित थाने को ट्रांसफर करेगी। इसके अलावा जांच के नाम पर पुलिस कोई केस लंबा नहीं खींच सकेगी। 14 दिन में DSP रैंक के अफसर को जांच करनी होगी।

    Share. Facebook Twitter Copy Link WhatsApp
    Previous Articleहर जगह गुटबाजी, भितरघात के कारण हारी कांग्रेस:
    Next Article छत्तीसगढ़ में नशे के खिलाफ पुलिस की बड़ी कार्रवाई, चेकिंग में पकड़ा 60 लाख रुपए से अधिक का गांजा
    Akash Times

    Related Posts

    ताश छोड़कर बीच में घर जाने लगा दोस्त दोस्त ने कटर से की हाथ काटने की कोशिश

    31/10/2024

    छत्तीसगढ़ कांग्रेस में अभी नहीं होंगे कोई बदलाव बैज की नई टीम की अटकी लिस्ट

    31/10/2024

    जुआरियों ने पार्षद के पति को पीटा आरोपियों बोले- जान से मार देंगे

    31/10/2024
    Latest Posts

    ताश छोड़कर बीच में घर जाने लगा दोस्त दोस्त ने कटर से की हाथ काटने की कोशिश

    छत्तीसगढ़ कांग्रेस में अभी नहीं होंगे कोई बदलाव बैज की नई टीम की अटकी लिस्ट

    जुआरियों ने पार्षद के पति को पीटा आरोपियों बोले- जान से मार देंगे

    छत्तीसगढ़ में था रावण के पिता ऋषि विश्रवा का आश्रम

    Follow for More
    • Facebook
    • Twitter
    • Instagram
    • YouTube
    • WhatsApp

    Akash Sharma
    Owner & Editor

    Mobile: 9340121393, 9522039555

    Email:
    aakashtimesnews@gmail.com

    Address:
    Jaiswal Chall, Infront of Niharika Talkies
    Korba, Chhattisgarh – 495677

    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube WhatsApp
    Post

    ताश छोड़कर बीच में घर जाने लगा दोस्त दोस्त ने कटर से की हाथ काटने की कोशिश

    छत्तीसगढ़ कांग्रेस में अभी नहीं होंगे कोई बदलाव बैज की नई टीम की अटकी लिस्ट

    जुआरियों ने पार्षद के पति को पीटा आरोपियों बोले- जान से मार देंगे

    छत्तीसगढ़ में था रावण के पिता ऋषि विश्रवा का आश्रम

    post calendar
    April 2026
    M T W T F S S
     12345
    6789101112
    13141516171819
    20212223242526
    27282930  
    « Oct    
    • About Us
    • Disclaimer
    • Terms & Conditions
    • Privacy Policy
    • Contact Us
    © 2026 AAKASH TIMES. Designed by Nimble Technology.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.